28.2 C
Delhi
Sunday, August 31, 2025
Home Blog Page 248

Sam Pitroda फिर से बने इंडियन ओवरसीज कांग्रेस के अध्यक्ष, विवाद से रहा है नाता

Sam Pitroda: कांग्रेस ने सैम पित्रोदा को एक बार फिर ‘ इंडियन ओवरसीज कांग्रेस ’ का प्रमुख नियुक्त किया है. उनकी नियुक्ति बुधवार को की है.

Sam Pitroda: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने पित्रोदा की फिर से नियुक्ति की.कांग्रेस के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल की ओर से विज्ञप्ति जारी की गयी है. लोकसभा चुनाव के दौरान आठ मई को उन्होंने ‘इंडियन ओवरसीज कांग्रेस’ के अध्यक्ष पद से इस्तीफा दिया था.

विवादित बयान के बाद दिया था इस्तीफा

लोकसभा चुनाव के दौरान एक विवाद टिप्पणी कर दी थी. कहा था कि पूर्व के लोग चीनी और दक्षिण भारतीय अफ्रीकी नागरिकों जैसे दिखते हैं. इस टिप्पणी को लेकर विवाद खड़ा हो गया था.

बीजेपी ने किया था बड़ा हमला

BJP ने पित्रोदा की टिप्पणी को लेकर उन पर निशाना साधते हुए दावा किया था कि इससे विपक्षी दल की विभाजनकारी राजनीति बेनकाब हो गई है.

जानें, क्या था बयान

इंडियन ओवरसीज कांग्रेस के प्रमुख सैम पित्रोदा ने एक पॉडकास्ट में कहा था, हम 75 साल से बहुत सुखद माहौल में रह रहे हैं, जहां कुछ लड़ाइयों को छोड़ दें तो लोग साथ रह सकते हैं. हम भारत जैसे विविधता से भरे देश को एकजुट रख सकते हैं. जहां पूर्व के लोग चीनी जैसे लगते हैं, पश्चिम के लोग अरब जैसे दिखते हैं, उत्तर के लोग गोरों और दक्षिण भारतीय अफ्रीकी जैसे लगते हैं. उन्होंने कहा, इससे कोई फर्क नहीं पड़ता, हम सभी भाई-बहन हैं. भारत में अलग-अलग क्षेत्र के लोगों के रीति-रिवाज, खान-पान, धर्म, भाषा अलग-अलग हैं, लेकिन भारत के लोग एक-दूसरे का सम्मान करते हैं.

विरासत टैक्स पर भी बयान देने से हुआ था भारी हंगामा

सैम पित्रोदा ने लोकसभा चुनाव के दौरान विरासत टैक्स को लेकर भी बयान दे दिया था, जिसे बीजेपी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मुद्दा बना लिया था. पित्रोदा ने अमेरिका के विरासत टैक्स वाली व्यवस्था के बारे में बताते हुए कहा था कि अमेरिका में विरासत कर लगता है. अगर किसी के पास 10 करोड़ डॉलर की संपत्ति है और जब उसकी मृत्यु हो जाती है तो इसमें से केवल 45 फीसदी उसके बच्चों को मिल सकता है. शेष 55 प्रतिशत संपत्ति सरकार के पास चली जाती है. उसके बाद उन्होंने इसे भारत से भी इसको जोड़ दिया था और कहा था कि भारत में ऐसा कानून नहीं है. अगर किसी की संपत्ति 10 अरब है और वह मर जाता है, तो उसके बच्चों को 10 अरब मिलते हैं और जनता को कुछ नहीं मिलता. लोगों को इस तरह के मुद्दों पर चर्चा करनी होगी. पित्रोदा के बयान पर वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा था कि कांग्रेस पार्टी विरासत कर लगाने की योजना बना रही है. इसपर पीएम मोदी ने कांग्रेस पार्टी पर कटाक्ष भी किया था.

सोर्स प्रभात खबर

- Advertisement -

Opposition Leader: कांग्रेस की पहली जीत! 10 साल से खाली पड़े इस ओहदे पर अब बैठेंगे RAHUL GANDHI

Rahul Gandhi
Rahul Gandhi, India's opposition leader, during a campaign rally in Delhi, India, on Saturday, May 18, 2024. India's election is past the halfway mark, with campaigning between the main political parties heating up just like the soaring temperatures across the country. Photographer: Prakash Singh/Bloomberg via Getty Images

Leader Of Opposition: नरेंद्र मोदी सरकार साल 2014 में जब सत्ता में आई तभी से नेता प्रतिपक्ष की सीट खाली पड़ी है. राहुल गांधी से पहले इस पद पर बैठने वाली कांग्रेस की आखिरी नेता सोनिया गांधी थीं.

Leader Of Opposition:बुधवार (26 जून) को लगातार दूसरी बार ओम बिरला लोकसभा के अध्यक्ष चुने गए हैं. लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने 10 साल बाद राहुल गांधी को नेता विपक्ष की मान्यता दी है. इससे पहले साल 2009 से 2014 तक भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की दिवंगत नेता सुषमा स्वराज लोकसभा में विपक्ष की नेता थीं. कांग्रेस की तरफ से विपक्षी आखिरी नेता सोनिया गांधी थी जो 1999 से 2004 तक इस पद पर थीं. राजीव गांधी भी 18 दिसंबर 1989 से 24 दिसंबर 1990 तक विपक्ष के नेता रहे हैं.

9 जून, 2024 से प्रभावी रहेगा

राहुल गांधी का नेता प्रतिपक्ष का दर्जा 9 जून, 2024 से प्रभावी रहेगा. कांग्रेस सांसद राहुल गांधी को मंगलवार (25 जून) को विपक्ष का नेता बनाया गया था. पार्टी के महासचिव केसी वेणुगोपाल ने उनके नाम की घोषणा की थी.

यहां लिया गया फैसला

लोकसभा में विपक्ष का नेता के रूप में राहुल गांधी को नियुक्त करने का फैसला कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के नई दिल्ली स्थित आवास पर इंडिया गठबंधन के नेताओं की बैठक में लिया गया था. राहुल गांधी पांच बार सांसद रह चुके हैं. वर्तमान में लोकसभा में रायबरेली निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं. मंगलवार को संविधान की एक प्रति लेकर सांसद के रूप में शपथ ली थी.

पीएम ने लोकसभा अध्यक्ष को दी बधाई

बुधवार को राजस्थान के कोटा से भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के सांसद ओम बिरला को दूसरी बार लोकसभा का अध्यक्ष चुने जाने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, विपक्ष के नेता राहुल गांधी और संसदीय कार्य मंत्री किरेनरिजिजू उन्हें आसन तक लेकर गए थे. इसके बाद ओम बिरला को बधाई और शुभकामनाएं देते हुए पीएम मोदी ने कहा, ‘‘आप दूसरी बार इस आसन पर विराजमान हो रहे हैं, यह इस सदन का सौभाग्य है.

विपक्ष को सदन के अंदर लोगों की आवाज उठाने का मौका मिले

लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कहा, “हमें उम्मीद है कि वह विपक्ष को बोलने का मौका देकर संविधान रक्षा का अपना दायित्व निभाएंगे. विपक्ष सदन चलाने में पूरा सहयोग करेगा, लेकिन यह भी जरूरी है कि विपक्ष को सदन के अंदर लोगों की आवाज उठाने का मौका मिले.”

- Advertisement -

Lok Sabha Speaker Election : ओम बिरला चुने गए स्पीकर, PM मोदी बोले-यह अपने आप में रिकॉर्ड है

Lok Sabha Speaker Election Updates: लगातार दूसरी बार ओम बिरला लोकसभा के स्पीकर बन गए हैं. वे तीन बार के कोटा से सांसद हैं. बिरला ध्वनिमत से स्पीकर चुने गये.


Lok Sabha Speaker Election: ओम बिरला को अखिलेश ने दी बधाई

ओम बिरला को स्पीकर बनने की बधाई सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी दी. आपके पास 5 साल का अनुभव रहा है. मैं आपको अपने सभी सांसदों की तरफ से बधाई देता हूं. लोकसभा के अध्यक्ष के रूप में आप हर सदस्य को बराबरी का मौका और सम्मान देंगे. 


Lok Sabha Speaker Election Live: राहुल गांधी ने दी ओम बिरला को बधाई

लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने लोकसभा स्पीकर बनने पर ओम बिरला को बधाई दी. इस दौरान राहुल गांधी ने कहा, सरकार के पास नंबर हैं. लेकिन विपक्ष भी भारत की जनता की आवाज है. राहुल ने कहा, यह बहुत जरूरी है कि विपक्ष की आवाज को भी सदन में उठाने की अनुमति दी जाये.


Lok Sabha Speaker Election Live: पीएम मोदी ने कहा-नए-नए रिकॉर्ड बनते देख रहे हैं

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, “हम सबको विश्वास है कि आने वाले 5 साल आप हम सबका मार्गदर्शन करेंगे. हमारे शास्त्रों में कहा गया है कि विनम्र और व्यवहार कुशल व्यक्ति सफल सदृश होता है. दूसरी बार स्पीकर का कार्यभार मिलना, नए-नए रिकॉर्ड बनते देख रहे हैं. बलराम जाखड़ जी को पांच साल का कार्यकाल पूर्ण करने के बाद स्पीकर का दायित्व फिर से मिला था. इनके बाद आप हैं जिसे ये अवसर मिला है.


Lok Sabha Speaker Election : पीएम मोदी-दूसरी बार स्पीकर बनने का रिकॉर्ड बनाया

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ओम बिरला को स्पीकर चुने जाने पर बधाई दी है. उन्होंने कहा, ”मैं पूरे सदन को बधाई देता हूं. हम सभी का विश्वास है कि आने वाले पांच साल में आप हमारा मार्गदर्शन करेंगे.आपके चेहरे की मीठी मीठी मुस्कान सदन को भी खुश रखती है.” पीएम मोदी ने कहा, 18वीं लोकसभा में स्पीकर का पद दूसरी बार संभालना ये अपने आप में रिकॉर्ड बन गया है. 


Lok Sabha Speaker Election : ओम बिरला चुने गए स्पीकर

ओम बिरला को लोकसभा का स्पीकर चुन लिया गया है. पीएम मोदी ने लोकसभा स्पीकर पद के लिए ओम बिरला के नाम का प्रस्ताव रखा था. इसका NDA के सांसदों ने ध्वनिमत से समर्थन किया. 


Lok Sabha Speaker Election : के सुरेश के नाम का प्रस्ताव विपक्षी सांसदों ने रखा

विपक्षी सांसदों ने लोकसभा स्पीकर पद के लिए के सुरेश के नाम का प्रस्ताव रखा. 


Lok Sabha Speaker Election : चिराग पासवान और जीतन राम मांझी ने समर्थन किया

पीएम मोदी के प्रस्ताव पर जदयू के ललन सिंह, अनुप्रिया पटेल, चिराग पासवान समेत एनडीए के सहयोगी दलों ने समर्थन किया. इसके अलावा बीजेपी के तमाम सांसदों ने भी इस प्रस्ताव का समर्थन किया.


Lok Sabha Speaker Election : पीएम मोदी ने ओम बिरला के नाम का प्रस्ताव रखा

पीएम मोदी ने स्पीकर पद के लिए ओम बिरला के नाम का प्रस्ताव रखा. राजनाथ सिंह, जदयू के सांसद लल्लन सिंह ने प्रस्ताव का समर्थन किया. 


Lok Sabha Speaker Election: लोकसभा की शुरू हुई कार्यवाही

लोकसभा की कार्रवाई शुरू हो गई है. थोड़ी देर में लोकसभा स्पीकर पद के लिए चुनाव होगा. पीएम मोदी स्पीकर पद के लिए ओम बिरला के नाम का प्रस्ताव रखेंगे. ओम बिरला के खिलाफ इंडिया गठबंधन ने के सुरेश को उतारा है.

Lok Sabha Speaker Election: पीएम मोदी, राजनाथ सिंह संसद पहुंचे

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह संसद पहुंच गए हैं. राजनाथ सिंह ने कहा, स्पीकर पद का चुनाव होगा. नतीजों का इंतजार कीजिए.

विपक्षी सांसदों ने लोकसभा स्पीकर पद के लिए के सुरेश के नाम का प्रस्ताव रखा. 


Lok Sabha Speaker Election : पीएम मोदी, राजनाथ सिंह संसद पहुंचे

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह संसद पहुंच गए हैं. राजनाथ सिंह ने कहा, स्पीकर पद का चुनाव होगा. नतीजों का इंतजार कीजिए.


Lok Sabha Speaker Election : घर से पूजा करके निकले ओम बिरला

एनडीए के स्पीकर पद के उम्मीदवार ओम बिरला अपने घर से पूजा करके लोकसभा के लिए रवाना हो गए. आज स्पीकर पद के लिए चुनाव होना है. ओम बिरला का मुकाबला विपक्ष के उम्मीदवार के सुरेश से है.

 


Lok Sabha Speaker Election : किरेन रिजिजू ने विपक्ष से की चुनाव न लड़ने की अपील

संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने स्पीकर चुनाव से पहले विपक्ष से बड़ी अपील की. उन्होंने कहा, हम कांग्रेस पार्टी से अपील करते हैं कि वे स्पीकर का चुनाव न लड़ें. हमारे पास संख्या है. स्पीकर का चुनाव सर्वसम्मति से होना चाहिए.


Lok Sabha Speaker Election: बीजेपी ने परंपरा को तोड़ा- प्रमोद तिवारी

कांग्रेस सांसद प्रमोद तिवारी ने कहा, स्पीकर का चुनाव हो रहा है, इसकी जिम्मेदार बीजेपी है. बीजेपी की सत्ता की चाहत, लोकतंत्र को बुलडोज करना. उसकी जो नीत और नियत है, उसकी वजह से चुनाव हो रहा है. नहीं तो परंपरा का पालन होता. स्पीकर का पद बीजेपी को ज्यादा और डिप्टी स्पीकर का पद जाता कांग्रेस और इंडिया गठबंधन के पास. लेकिन बीजेपी लोकतंत्र में कहां विश्वास करती है. उसने इस परंपरा को तोड़ा. इसलिए हम इसका लोकतांत्रिक तरीके से विरोध कर रहे हैं. हम इस तरह से उन्हें जीतकर नहीं जाने देंगे. 


Lok Sabha Speaker Election : नंबर कोई मुद्दा नहीं- के सुरेश

लोकसभा अध्यक्ष पद के लिए INDIA गठबंधन के उम्मीदवार कांग्रेस सांसद के. सुरेश ने वोटिंग से पहले कहा, ”नंबर कोई मुद्दा नहीं है बल्कि एकमात्र मुद्दा परंपरा है. सत्तारूढ़ पार्टी NDA ने परंपरा को तोड़ा है. इसलिए हम (चुनाव) लड़ रहे हैं.”


Lok Sabha Speaker Election : 1976 के बाद पहली बार स्पीकर चुनाव

लोकसभा स्पीकर पद के लिए बुधवार को चुनाव होने वाले हैं. 1976 के बाद पहली बार स्पीकर के लिए चुनाव हो रहे हैं. स्वतंत्र भारत में लोकसभा स्पीकर पद के लिए केवल तीन बार 1952, 1967 और 1976 में चुनाव हुए हैं.


Lok Sabha Speaker Election : टीएमसी के सुरेश का समर्थन करेगी

टीएमसी इंडिया गठबंधन के उम्मीदवार के सुरेश को स्पीकर चुनाव में समर्थन करने वाली है. टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी उनसे सलाह लिए बगैर विपक्ष के उम्मीदवार के नाम के ऐलान पर नाराज नजर आ रही थीं.


Lok SabhaSpeakerElection: इंडिया प्रत्याशी के सुरेश-स्पीकर चुनाव लड़ने को NDA ने किया मजबूर

लोकसभा स्पीकर पद के लिए इंडिया गठबंधन के उम्मीदवार और कांग्रेस सांसद के सुरेश ने कहा, “सरकार ने इंडिया गठबंधन को चुनाव लड़ने पर मजबूर किया है. हम लोग चुनाव नहीं लड़ना चाहते हैं, लेकिन जब सरकार ने इंडिया गठबंधन खासतौर पर कांग्रेस पार्टी के नेतृत्व से संपर्क किया तो हमने डिप्टी स्पीकर का पद मांगा. उस समय हमें कोई आश्वासन नहीं दिया गया. कल (मंगलवार, 25 जून) भी हमें 11.30 बजे तक कोई आश्वासन नहीं दिया गया.”

उन्होंने कहा, “उन्होंने (एनडीए नेतृत्व) कहा कि पहले आप स्पीकर चुनाव में सपोर्ट करिए, फिर हम डिप्टी स्पीकर पर चर्चा करेंगे. उनका जवाब संतोषपूर्ण नहीं था. इसी वजह से हमारे नेताओं ने स्पीकर चुनाव लड़ने का फैसला किया. यह चुनाव एनडीए नेतृत्व का अड़ियल रुख है. अन्यथा, इसे टाला जा सकता था. वे विपक्ष के साथ सहयोग करने के लिए तैयार नहीं हैं. वे डिप्टी स्पीकर पद के लिए विपक्षी दल को मौका देने के लिए तैयार नहीं हैं. इसीलिए ये चुनाव आज हो रहा है, लेकिन इस चुनाव की पूरी जिम्मेदारी एनडीए नेतृत्व की है.”


Lok SabhaSpeakerElection : कितने बजे होगा स्पीकर चुनाव?

लोकसभा स्पीकर का चुनाव बुधवार (26 जून) को होने वाला है. इसके लिए सुबह 11 बजे से वोटिंग करवाई जाएगी. एनडीए की तरफ से ओम बिरला स्पीकर चुनाव मैदान में हैं, जबकि इंडिया गठबंधन ने के सुरेश को उम्मीदवार बनाया है.


LokSabhaSpeakerElection: स्पीकर पद को लेकर हुई थी सत्ता पक्ष और विपक्ष की बैठक

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के संसद भवन स्थित कार्यालय में विपक्ष की ओर से कांग्रेस के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल और डीएमके के टी आर बालू ने सिंह, गृह मंत्री अमित शाह तथा स्वास्थ्य मंत्री और बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा से स्पीकर पद आम-सहमति बनाने के उद्देश्य से बातचीत की. मगर दोनों पक्ष अपने रुख पर अड़े रहे और कोई नतीजा नहीं निकला. विपक्ष की मांग थी कि स्पीकर पद पर समर्थन तभी दिया जाएगा, जब डिप्टी स्पीकर पद उसे मिलता है.


LokSabha Speaker Election: लोकसभा स्पीकर पद के लिए मैदान में कौन-कौन?

लोकसभा स्पीकर पद के लिए एनडीए की तरफ से बीजेपी सांसद ओम बिरला मैदान में हैं. उधर कांग्रेस सांसद के सुरेश को इंडिया गठबंधन के उम्मीदवार के तौर पर स्पीकर चुनाव के लिए मैदान में उतारा गया है.संख्याबल सत्ता पक्ष यानी एनडीए की ओर है. हालांकि, विपक्ष एकता को दिखाना चाहता है.

- Advertisement -

NEET PG 2024: आठ दिन के अंदर नीट पीजी की नयी तारीख जारी होगी, चेक करें लेटेस्ट अपडेट, इस वेबसाइट पर रखें नजर

NBE To Release NEET PG 2024 Exam Date by NEXT Week: नीट पीजी परीक्षा की नयी तारीख नेशनल बोर्ड ऑफ एग्जामिनेशन अगले हफ्ते तक जारी कर सकता है. नीट पीजी परीक्षा के बारे में जानकारी हासिल करने और लेटेस्ट अपडेट्स के बारे में पता करने के लिए ऑफिशियल वेबसाइट पर नजर रखें. एनबीई के अधिकारियों का कहना है कि वे कोशिश कर रहे हैं कि जितना जल्दी हो सके परीक्षा का आयोजन करवा दिया जाये. नीट पीजी परीक्षा का आयोजन 23 जून के दिन होना था, लेकिन परीक्षा से 11-12 घंटे पहले ही इसको रद्द कर दिया गया.

Exam रद्द हाेने से कैंडिडेट्स हुए थे परेशान

लास्ट मोमेंट पर Exam कैंसिल हो गया था. इससे कैंडिडेट्स को बड़ी परेशानी हुई थी. क्योंकि, जिसको परीक्षा देने जिस केंद्र पर पहुंचना था वो लगभग पहुंच गया था. खासकर ऐसे कैंडिडेट्स जिनका सेंटर कहीं दूर था.

एक हफ्ते के अंदर आयेगी तारीख

मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो एनबीईएमएस के प्रेसिडेंट अभिजात सेठ का कहना है कि नीट पीजी परीक्षा की तारीख एक हफ्ते में जारी की जाएगी. हालांकि, तिथि जारी होने की अभी तक कोई अधिकारिक घोषणा नहीं हुई है. कहा हे कि परीक्षा आयोजन के नियमों और दिशा-निर्देशों को भी जितना जल्दी हो सके रिव्यू किया जायेगा.

यहां इस वेबसाइट पर रखें नजर

कैंडिडेट्स से अनुरोध है कि वे नीट पीजी परीक्षा के बारे में जानकारी हासिल करते रहें. लेटेस्ट अपडेट्स के बारे में पता करते रहें. इसके लिए ऑफिशियल वेबसाइट पर नजर रखें. यहां सभी ताजा सूचनाएं साझा की जाएंगी. ऐसा करने के लिए आधिकारिक वेबसाइट का पता ये है – nbe.edu.in. इसके अलावा आप इस वेबसाइट पर भी जा सकते हैं – natboard.edu.in.

छात्रों के हित में फैसला लिया गया

एनबीई अधिकारी का ये भी कहना है कि इस परीक्षा की शुचिता में किसी प्रकार की कमी नहीं आयी है. पिछले सात सालों से सफलतापूर्वक परीक्षा का आयोजन किया जा रहा है. हाल की घटनाओं को देखते हुए सरकार ने सुरक्षा सुनिश्चित करने का फैसला लिया है. ये फैसला छात्र समुदायों के हित को ध्यान में रखकर लिया गया है. परीक्षाओं की सुरक्षा को बरकरार रखा जाना चाहिए. इस वजह से जल्दी से जल्दी एग्जाम्स की एसओपी और प्रोटोकॉल की समीक्षा करने का फैसला लिया गया है.

Exam postpone होने का खेद है

एनबीईएमएस चीफ ने ये भी कहा कि लास्ट मोमेंट पर परीक्षा पोस्टपोन होने का खेद है लेकिन, वे स्टूडेंट्स को ये साफ कर देना चाहते हैं कि परीक्षा पूरी सुरक्षा के साथ संपन्न करायी जाएगी और इसकी शुचिता से किसी प्रकार का कोई समझौता नहीं होगा.

- Advertisement -

Arvind Kejriwal : Delhi High Court ने निचली अदालत के जमानत के फैसले पर रोक जारी रखी, जेल में ही अभी रहेंगे केजरीवाल

Arvind Kejriwal

Arvind Kejriwal : दिल्ली सीएमआरविंद केजरीवाल को निचली अदालत ने पिछले दिनों जमानत दे दी थी. .ED ने Delhi High Court में इसे चुनौती दी थी. HC ने पिछली सुनवाई में जमानत पर रोक लगा दी थी. कोर्ट ने इसको जारी रखा है.

दिल्ली के सीएम तिहाड़ जेल में बंद. मंगलवार को मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को बड़ा झटका लगा. दिल्ली शराब नीति मामले में दिल्ली हाईकोर्ट ने निचली अदालत से केजरीवाल को मिली जमानत पर रोक को जारी रखा है. केजरीवाल को पिछले दिनों निचली अदालत ने जमानत दे दी थी. इसे ईडी ने हाईकोर्ट में चुनौती दी थी. 

Arvind Kejriwal केजरीवाल को ईडी ने दिल्ली के कथित शराब नीति घोटाले में मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में 21 मार्च को गिरफ्तार किया था. केजरीवाल को पिछले दिनों सुप्रीम कोर्ट से लोकसभा चुनाव में प्रचार के लिए 1 जून तक अंतरिम जमानत मिल गई थी. इसके बाद 2 जून को उन्होंने सरेंडर कर दिया था. तब सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें जमानत के लिए निचली अदालत जाने की सलाह दी थी.

हाईकोर्ट : जमानत पर रोक रखी बरकरार

ईडी की याचिका पर दिल्ली हाईकोर्ट ने मंगलवार (25 जून) को फैसला सुनाया. जज ने कहा, ”ED ने हमें बताया कि निचली अदालत के जज ने लिखा है कि उनके पास सभी दस्तावेज देखने का समय नहीं है. सिंघवी ने कहा कि बेल रद्द नहीं होनी चाहिए.” जज ने अपने आदेश में कहा, सभी बिंदुओं को विस्तार से देखने की जरूरत है. PMLA सेक्शन 45 में जमानत के लिए दी गई दोहरी शर्त का पालन न होने की दलील काफी मजबूत है. हमारा मानना है कि हाई कोर्ट पहले ही गिरफ्तारी को सही ठहराने का आदेश दे चुका है. ऐसे में निचली अदालत में वैकेशन जज को गिरफ्तारी को गलत ठहराने की टिप्पणी नहीं करनी चाहिए थी.

जज ने कहा, सिंघवी ने व्यक्तिगत स्वतंत्रता के अधिकार का हवाला दिया. यह भी कहा कि केजरीवाल ने अंतरिम जमानत पर रहते हुए सभी शर्तों का पालन किया. लेकिन वह राहत एक विशेष कारण (चुनाव प्रचार) के लिए मिली थी. उस दलील को यहां रखने का कोई आधार नहीं. जज ने कहा, केजरीवाल के वकील सिंघवी ने कहा कि कोई प्रोसीड ऑफ क्राइम नहीं मिला. यह दलील भी अभी बेमानी है.मामले को सुन रही हाई कोर्ट की मुख्य बेंच में विस्तृत सुनवाई की जरूरत है. 

- Advertisement -

Bhagalpur MC Board Meeting : बारिश के बाद जलजमाव, पार्षदों की उपस्थिति रही कम, कोरम पूरा नहीं होना बता किया Meeting postponed

Bhagalpur MC General Board Meeting : नगर निगम में सामान्य बोर्ड की बैठक पहले दिन 24 जून सोमवार को पूरी नहीं हो सकी थी. लंबी चली बैठक को यह बता कर रोक दी गयी थी कि अब यह दूसरे दिन 25 जून को दिन के दो बजे से होगी. यह देरी से शुरू तो हो गयी लेकिन, पार्षदों की कम उपस्थिति पर करोम पूरा नहीं होना बता बैठक स्थगित कर दी गयी.

Bhagalpur MC General Board Meeting : नगर निगम में सामान्य बोर्ड की अधूरी बैठक 25 जून को पूरी होनी थी. दिन के दो बजे समय निर्धारित था. इससे पहले की बैठक होती, दो घंटे पहले बारिश होने लगी. बारिश के बाद पूरे शहर में जलजमाव हो गया. इस कारणवश बैठक में पार्षदों की उपस्थिति कम रही. देरी से बैठक शुरू होने के बाद भी पार्षद नहीं पहुंच सके थे. बैठक में जितने भी पार्षद मौजूद थे, उनलोगों ने मेयर डाॅ बसुंधरा लाल से अनुरोध किया कि बैठक कैंसिल कर दिया जाये. दक्षिणी शहर के पार्षदों से बात हुई है, उन सभी का कहना है कि बरसाती पानी से सड़कें डूब गयी है. ऐसे में घरों से निकलना मुमकिन नहीं हैं. मेयर ने पार्षदों की कम उपस्थिति पर कोरम पूरा नहीं होना बता बैठक स्थगित होने की घोषणा कर दी गयी.

जानिए, 26 जून को नहीं, तीन बाद क्यों होगी बैठक

बोर्ड की बैठक स्थगित करने से पहले यह फिर कब होगी, इस पर चर्चा हुई. इसमें तय किया गया कि 26 जून को दिन के 11 बजे बैठक होगी. इस पर नगर आयुक्त नितिन कुमार सिंह ने कहा कि हमारी बैठक पटना में है. अलग-अलग विभागों के साथ बैठक है. इस वजह से यहां बोर्ड की बैठक में उपस्थित नहीं हो सकेंगे. तीन दिन बाद जब पटना से लौटेंगे, तो बैठक में उपस्थित रहेंगे. मेयर मैडम अपनी सुविधा के अनुसार तीन दिन बाद की कोई भी तिथि निर्धारित कर सकती है.

- Advertisement -

Airport in Bihar State : हवाई सेवा से जुड़ेंगे भागलपुर सहित कई शहर, कारोबार को लगेंगे पंख, सरकार ने बना लिया पूरा प्लान

पूर्णिया एयरपोर्ट के उद्घाटन की तैयारी तेज
पूर्णिया एयरपोर्ट के उद्घाटन की तैयारी तेज

Airport in Bihar State: Bihar में एयरपोर्ट के चालू होने की उम्मीद बढ़ गयी है. आधा दर्जन एयरपोर्ट चालू होंगे, तो करोबार को पंख लगेंगे.BiharGovernment ने केंद्र सरकार के समक्ष राज्य के लगभग 09 Airport को चालू करने का प्रस्ताव रखा है.

BiharGovernment ने केंद्र को जमीन देने की कही बात

AirportinBiharState : BIharGovernment के नियंत्रण में करीब आधा दर्जन एयरपोर्ट आते हैं और उन सभी जगहों से हवाई सेवा प्रारंभ करने की पूर्व में भी घोषणाएं होती रही हैं लेकिन यह काम एक कदम आगे बढ़ा नहीं. एक बार फिर इस दिशा में कवायद की जा रही है. विमानों में लोगों की बढ़ती आवाजाही को देखते हुए लोगों को उनके ही शहर से ही विमान सेवा मुहैया कराने की कोशिश है.BIharGovernment ने केंद्र के साथ हुई प्री बजट बैठक में इस योजना को केंद्र के सामने रखा है.

केंद्र को जमीन मुहैया कराने का प्रस्ताव

BIhar में करीब 09 शहरों के एयरपोर्ट को हवाई सेवा से जोड़ने की उम्मीद बढ़ी है. ऐसे छह से अधिक एयरपोर्ट पर सुविधाएं विकसित करने का प्रस्ताव केंद्र को दिया है. एक ओर जहां राज्य सरकार ने केंद्र को जमीन मुहैया कराने की बात कही है, वहीं सरकार ने भवन निर्माण विभाग को भी निर्देश दिया है कि संबंधित एयरपोर्ट की वर्तमान स्थिति और भविष्य में जो कार्य किए जा सकते हैं, उसका संभावित खर्च का आकलन करें.

जानिए…अभी कहां-कहां चालू है एयरपोर्ट

फिलहाल Bihar में 15 एयरपोर्ट हैं. छह घरेलू या क्षेत्रीय एयरपोर्ट हैं. तीन एयरबेस और तीन हवाई पट्टी हैं. वर्तमान में पटना और दरभंगा से घरेलू उड़ानें हो रही हैं, जबकि गया से इंटरनेशनल उड़ान होती है.विमानपत्तन प्राधिकरण इनका संचालन करता है. राज्य सरकार के नियंत्रण में जो क्षेत्रीय एयरपोर्ट हैं वे हैं सहरसा, मुंगेर, रक्सौल, भागलपुर, मुजफ्फरपुर और बेगूसराय एयरपोर्ट. सैन्य एयरबेस हैं.बिहटा वायु सेना, पूर्णिया एयरपोर्ट और सबेया एयरपोर्ट गोपालगंज. जबकि हवाई पट्टी बीरपुर, छपरा और कटिहार में हैं.

एयरपोर्ट से उड़ान प्रारंभ करने की पूर्व में भी होती रही घोषणाएं

बिहार में आधा दर्जन एयरपोर्ट राज्य सरकार के नियंत्रण में आते हैं. इन एयरपोर्ट से उड़ान प्रारंभ करने की पूर्व में भी घोषणाएं होती रही हैं, लेकिन यह कार्य घोषणाओं के आगे बढ़ा नहीं. अब एक बार फिर इस दिशा में पहल की गई है. विमानों में लोगों की बढ़ती आवाजाही को देखते हुए लोगों को उनके ही शहर से ही विमान सेवा मुहैया कराने की कोशिश है. बिहार सरकार ने केंद्र सरकार को मुजफ्फरपुर, भागलपुर, बेगूसराय, मुंगेर, डेहरी ऑन सोन, सहरसा, फारबिसगंज, रक्सौल, नालंदा और गोपालगंज जैसे शहरों में एयरपोर्ट विकसित करने का प्रस्ताव रखा है.

- Advertisement -

Arvind Kejriwal : CM केजरीवाल के लिए आज का दिन अहम, दोपहर में जमानत को लेकर आयेगा फैसला

Arvind Kejriwal : दिल्ली हाइकोर्ट का दोपहर 2.30 बजे ये फैसला होगा कि सीएम केजरीवाल जेल से रिहा होंगे या नहीं. DELHI CM अरविंद केजरीवाल के लिए आज का दिन अहम है.

मुख्यमंत्री केजरीवाल की जमानत पर रोक के मामले में हाईकोर्ट ने 21 जून को अपना आदेश सुरक्षित रख लिया था. साथ ही कहा था कि वह दो से तीन दिनों में अपना आदेश सुनाएगी. इस मामले में हाईकोर्ट का आज फैसला सुनायेगा.

दिल्ली हाई कोर्ट आज दोपहर 2.30 बजे अपना फैसला सुनाएगा. सीएम केजरीवाल ने सोमवार को दायर अपनी लिखित दलील में जमानत आदेश का बचाव किया. उन्होंने कहा कि यदि उन्हें इस समय रिहा किया जाता है तो ईडी पर कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं होगा, क्योंकि यदि हाई कोर्ट बाद में आदेश को रद्द करने का फैसला करता है तो उन्हें वापस हिरासत में भेजा जा सकता है.  

आप के राष्ट्रीय संयोजक केजरीवाल को 21 मार्च को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने गिरफ्तार किया था. वह तिहाड़ जेल से बाहर आ सकते थे, यदि हाई कोर्ट ने ईडी को अंतरिम राहत नहीं दी होती. निचली अदालत ने 20 जून को केजरीवाल को जमानत दे दी थी और एक लाख रुपये के निजी मुचलके पर रिहा करने का आदेश दिया था.

निचली अदालत ने साथ ही कुछ शर्तें भी लगाई थीं, जिसमें यह भी शामिल था कि वह जांच में बाधा डालने या गवाहों को प्रभावित करने की कोशिश नहीं करेंगे. ईडी ने दलील दी है कि निचली अदालत का आदेश ‘विकृत’, ‘एकतरफा’ और ‘गलत’ था तथा निष्कर्ष अप्रासंगिक तथ्यों पर आधारित थे.

सीएम केजरीवाल ने अपने लिखित दलील में कहा कि ईडी के दावे ‘‘स्पष्ट रूप से गलत, भ्रामक और छल-कपट और गलत बयानी के समान हैं.’’  

सुप्रीम कोर्ट की ओर रुख किया

सीएम केजरीवाल ने अपनी जमानत पर अंतरिम रोक के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट का रुख किया है. सोमवार को शीर्ष अदालत ने उनकी याचिका पर सुनवाई के लिए 26 जून की तारीख तय की और कहा कि वह इस मुद्दे पर हाई कोर्ट के आदेश की घोषणा की प्रतीक्षा करना चाहेगी. दिल्ली आबकारी नीति तैयार करने और इसके क्रियान्वयन से जुड़ी कथित अनियमितताओं एवं भ्रष्टाचार की उपराज्यपाल ने केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) से जांच कराने का आदेश दिया था, जिसके बाद 2022 में आबकारी नीति को रद्द कर दिया गया था. सीबीआई और ईडी के अनुसार, आबकारी नीति को संशोधित करते समय अनियमितताएं की गईं और लाइसेंस धारकों को अनुचित लाभ पहुंचाया गया. 

- Advertisement -

Bhagalpur MC General Board Meeting जोरदार हंगामा, मेयर और नगर आयुक्त के बीच वर्चस्व को लेकर तीखी बहस, देखें वीडियो

Bhagalpur MC General Board Meeting सामान्य बोर्ड की बैठक काफी हंगामेदार रही. मेयर डॉ. बसुंधरा लाल और नगर आयुक्त नितिन कुमार सिंह के बीच वर्चस्व को लेकर तीखी बहस भी हुई. मेयर ने कहा कि बिना मेरे अनुमोदन के किसी भी काम के लिए टेंडर नहीं करा सकते हैं. देखते हैं कैसे करा लेते हैं. नगर आयुक्त ने कहा कि अगर सरकार की ऐसी कोई चिट्ठी है तो दिखा दीजिए.

General Board Meeting नगर आयुक्त महोदय आपको जिस काम से भेजा गया है वही करेंगे, तो अच्छा रहेगा. आपको पॉलिटिक्स करने नहीं, इंप्लीमेंटेशन करने भेजा गया है. आप दायरे में रहें. 24 जून 2024 सोमवार को नगर आयुक्त के खिलाफ नगर निगम की सामान्य बोर्ड की बैठक में भरी कैबिनेट के बीच मेयर डाॅ बसुंधरा लाल के तल्ख तेबर रहे. उन्होंने सीधे तौर पर नगर आयुक्त को चुनौती दी और कहा कि कोई भी काम हो, चाहे विभागीय या फिर टेंडर ही क्यों न हो, मेरे हस्ताक्षर के बिना नहीं करेंगे. यह समझ लीजिए. आप जो कर रहे हैं वह ठीक नहीं है.

कर्मचारियों की सैलरी सदन मांग रही है

कर्मचारियों की सैलरी स्ट्रक्चर पर मेयर ने नगर आयुक्त की खिंचाई कर दी. डांट-फटकार के साथ मेयर ने कहा कि हमें इस बात की जानकारी मिली है कि स्थायी कर्मचारियों से भी कहीं ज्यादा सैलरी कुछ अनुबंध वालों की है. दैनिक कर्मियों में जो काम करने वाले हैं उनको कम और जो काम नहीं करते है, उनकी सैलरी ज्यादा है. मासिक वेतन उपलब्ध कराने को कही थी. इसका जवाब कर्मचारियों का मासिक वेतन ब्यौरा का न देकर शाखा वाइज टोटल में दिया गया है.

भ्रमण भत्ता नहीं मिलने पर खरीखोटी सुनाई

मेयर और डिप्टी मेयर को वार्ड भ्रमण भत्ता नहीं मिल रहा है. इस पर मेयर ने नगर आयुक्त से जवाब मांगी थी. जवाब पढ़ कर वह अचंभित थीं. मेयर ने एक्ट का हवाला देकर कहा कि भत्ता के नाम पर गलत जानकारी दी जा रही है, जबकि राज्य भर के मेयर काे यह मिल रहा है. सही चीज काे झूठलाने का यहां कार्य हाे रहा है, पूरा झूठ तंत्र यहां चल रहा है. स्थाई समिति सदस्य प्रीति शेखर ने जब कर्मचारियाें के वेतन में असमानता का मुद्दा उठाया ताे नगर आयुक्त याेजना शाखा प्रभारी माे. रेहान काे नियम पढ़ने कहा, उन्हाेंने कहा कि इसकी जानकारी सिर्फ कर्मचारी की पत्नी काे दी जा सकती है,

एंटी लार्वा छिड़काव कागजाें पर दिखाते हैं,

वार्ड पार्ष्ज्ञद शेखर ने कहा कि पीक एंड चूज नहीं चलेगा, हर वार्ड में समान तरह से काम हाे. वार्ड 50 के पार्षद पंकज कुमार गुप्ता ने कहा कि एंटी लार्वा छिड़काव कागजाें पर दिखाते हैं, अगर सही में हर वार्ड में किया हाे ताे हम पद से इस्तीफा दे देंगे, इस पर नगर आयुक्त ने चुप्पी साध ली. डाेर टू डाेर कूड़ा उठाव हाे नहीं रहा और यूजर चार्ज वसूल रहे हैं. जबकि बाेर्ड ने पहले भी निर्णय लिया कि अभी नहीं लेना है, सिर्फ हाेटल, विवाह भवन व रेस्टाेरेंट वालाें से ही लेना है.

सुधार के प्रयास हाे रहे हैं

नगर आयुक्तकूड़ा कलेक्शन प्वाइंट पर कहा कि बड़े शहर में कूड़ा कलेक्शन प्वाइंट हाेते हैं, लेकिन यहां ताे चाैक-चाैराहे ही हैं. सुधार के प्रयास हाे रहे हैं. सफाईकर्मियाें के नहीं आने की शिकायत जांचने काे बायाेमेट्रिक लगाए हैं, फेस रीड करनेवाली मशीन भी मंगवा रहे हैं. सफाई एजेंसी टाॅयलेट की सफाई नहीं कर रही थी, उस पर जुर्माना लगाए हैं. दक्षिणी शहर की स्थिति ऐसी है कि हमारी गाड़ी फंस जाती है.

टकराव की आयी नौबत

सदन की कार्रवाई के दौरान हर थोड़ी-थोड़ी देर पर किसी न किसी कारण से विवाद होता रहा. कभी-कभी तो आपस में भिड़ने को तैयार हो गए. वार्ड दाे की पार्षद साेनी देवी ने आपराधिक घटनाओं काे लेकर सीसीटीवी कैमरे लगाने की मांग की ताे वार्ड तीन के पार्षद गुलाम हैदर ने विराेध कर दिया.

खलीफाबाग चौक : ट्रैफिक सिग्नल को हटाने का निर्णय

पार्षदों ने मांग रखी की खलीफाबाग चौक पर सिग्नल के चालू होने की संभावना नहीं है. अगर चालू होता भी है, तो यहां जाम लगेगा. इसका प्रयोग सकारात्मक नहीं रहा है. सभी ने सिग्नल हटाने की मांग की, तो इस पर सहमति जता दी गयी है.

स्टेशन चौक : छोटा होगा का गोलंबर

स्टेशन चौक का गोलंबर भी छोटा होगा. सदन ने इस पर भी सहमति जता दी है. दरअसल, गोलंबर बड़ा रहने से गाड़ियों को गुजरने में कठिनाई होती है और अक्सर जाम लगता है. यह देख सिग्नल को हटाने का प्रस्ताव रखा गया और इसको मंजूर कर लिया गया.

महत्वपूर्ण बातें :

1. अड़गड़ा में बनेगा तीन मंजिला शॉपिंग कॉम्प्लेक्स, डिजाइन तैयार कर लिया गया है.
2. दीपनगर में भी शॉपिंग कॉम्प्लेक्स का होगा निर्माण, अतिक्रमण हटाने का दिया गया है निर्देश.
3. जवाहर टॉकीज की जमीन पर भी बनेगा मार्केटिंग कॉम्लेक्स, अतिक्रमण हटाने की होगी कार्रवाई.
4. शहर में होने वाले जलभराव को दूर करने के लिए 28 एचपी का पंप की हुई खरीद.
5. भोलानाथ आरओबी के पास क्षतिग्रस्त पानी की पाइपलाइन के लिए पुल निर्माण निगम से मिला 70 लाख रुपये.
6. वार्ड 33 में बनने वाले जलमीनार के लिए डीएम और कमिश्नर को दी गई जानकारी.
7. कव्वाली मैदान में बनेगा पार्क, शहर के दक्षिणी क्षेत्र के लिए होगा बेहतर उपहार.
8. लोहिया पुल की तरह चंपा नाला पुल पर भी लगेगी तिरंगी लाइट.
9. दक्षिणी शहर में ठाकुरबाड़ी के पास बनवाया जाएगा ट्रांसफर स्टेशन, जमीन की करायी जा रही मापी.
10. कनकैथी डंपिंग ग्राउंड की बाउंड्री का निर्माण कार्य हुआ पूरा.
11. बायोमेट्रिक मशीन के लिए जल्द होगा टेंडर.
12. लोहे का बड़ा वाला डस्टबिन की होगी खरीद.
13. डस्टबिन उपलब्ध हैं और इसका वितरण होने लगा है.
14. होल्डिंग टैक्स की वसूली में वृद्धि हुई है.
15. समर प्लान के तहत क्यूआरटी टीम गठित है और शिकायत पर पानी की परेशानी दूर हो रही है.
16. शहर के इंट्री प्वाइंट जीरोमाइल में गंदगी रहती है. सौंदर्यीकरण होगा.17. चंपापुल के पास तोरण द्वार बनेगा. आर्किटेक्ट को डिजाइन के लिए बोला गया है.

- Advertisement -

NDA के पहले 15 दिन में क्या हुआ ? Rahul Gandhi ने गिनाया…घोटाला, आतंकी हमला और मौत

अपनी संभावनाओं की जमीन को सींचने के लिए आज से यात्रा पर निकल रहे राहुल-तेजस्वी
अपनी संभावनाओं की जमीन को सींचने के लिए आज से यात्रा पर निकल रहे राहुल-तेजस्वी

Parliament Session-2024: पार्लियामेंट सेशन शुरू के साथ केंद्र सरकार को विपक्ष ने घेरना शुरू कर दिया है. राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पर पिछले 15 दिनों की बड़ी घटनाओं को गिनाया है और इसको तेजी से देखा जा रहा है.

Parliament Session 2024: सोमवार यानी आज पार्लियामेंट सेशन का पहला दिन शुरू हो गया है. विपक्ष कई मुद्दों पर सरकार को घेरने की तैयारी कर रहा है. इसी बीच राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पर पिछले 15 दिनों की बड़ी घटनाओं को लेकर केंद्र सरकार पर हमला बोला है. यानी, राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पर बीजेपी सरकार पर निशाना साधा है. उन्होंने कह दिया कि INDIA का मजबूत विपक्ष अपना दबाव जारी रखेगा. जो भी लोगों की आवाज उठायेगा. 

निशाना साधते हुए यह कह दिया

राहुल गांधी ने यह कहा-NDA के पहले 15 दिन !

1. भीषण ट्रेन दुर्घटना.
2. कश्मीर में आतंकवादी हमले.
3. ट्रेनों में यात्रियों की दुर्दशा.
4. NEET घोटाला.
5. NEET PG निरस्त.
6. UGC NET का पेपर लीक.
7. दूध, दाल, गैस, टोल और महंगे.
8. आग से धधकते जंगल.
9. जल संकट.
10. हीट वेव में इंतजाम न होने से मौतें. 

उन्होंने आगे कहा, नरेंद्र मोदी बस अपनी सरकार बचाने में व्यस्त हैं. नरेंद्र मोदी जी और उनकी सरकार का संविधान पर आक्रमण हमारे लिए एक्सेप्टेबल नहीं है और ये हम किसी हाल में होने नहीं देंगे. INDIA का मजबूत विपक्ष अपना दबाव जारी रखेगा, लोगों की आवाज उठाएगा.

राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री और गृहमंत्री पर निशाना साधते हुए कहा, ‘प्रधानमंत्री मोदी, अमित शाह जो आक्रमण संविधान पर कर रहे हैं, वो हमारे लिए स्वीकार्य नहीं है और वो हम नहीं होने देंगे. हिंदुस्तान के संविधान को कोई शक्ति नहीं छू सकती.

- Advertisement -
Patna
overcast clouds
27.2 ° C
27.2 °
27.2 °
80 %
2.9kmh
95 %
Sun
34 °
Mon
36 °
Tue
37 °
Wed
36 °
Thu
35 °