पटना मेट्रो का पहला इंटरचेंज स्टेशन तेजी से तैयार, दो प्रमुख कॉरिडोर होंगे आपस में कनेक्ट

पटना मेट्रो
पटना मेट्रो का पहला इंटरचेंज स्टेशन तेजी से तैयार.

Patna Metro: पटना में मेट्रो नेटवर्क के विस्तार का काम तेजी पकड़ चुका है. शहर में चल रही मेट्रो परियोजना के तहत अब पहले इंटरचेंज स्टेशन का निर्माण तेज गति से किया जा रहा है. खेमनीचक और मलाही पकड़ी के बीच बन रहा यह स्टेशन भविष्य में राजधानी की मेट्रो व्यवस्था का अहम केंद्र माना जा रहा है. अधिकारियों का अनुमान है कि अगस्त तक इसका प्रमुख निर्माण कार्य पूरा कर लिया जायेगा.

एक स्टेशन से बदल सकेंगे मेट्रो लाइन

इस इंटरचेंज स्टेशन की सबसे बड़ी खासियत यह होगी कि यात्री यहां आसानी से एक कॉरिडोर से दूसरे कॉरिडोर की ट्रेन पकड़ सकेंगे. इससे शहर के अलग-अलग हिस्सों के बीच यात्रा और आसान हो जाएगी.

कॉरिडोर-1 की मेट्रो सेवा जगनपुरा, मीठापुर और पटना जंक्शन की दिशा में चलेगी. वहीं कॉरिडोर-2 की ट्रेनें मलाही पकड़ी, राजेंद्रनगर, पीएमसीएच और गांधी मैदान होते हुए पटना जंक्शन तक पहुंचेंगी. पटना जंक्शन को भी बड़े ट्रांजिट प्वाइंट के रूप में विकसित किया जा रहा है.

दोनों कॉरिडोर के लिए अलग प्लेटफॉर्म

खेमनीचक स्टेशन को आधुनिक इंटरचेंज सुविधा के तौर पर डिजाइन किया जा रहा है. यहां दोनों रूट के यात्रियों के लिए अलग-अलग प्लेटफॉर्म और कॉनकोर्स एरिया बनाये जा रहे हैं.

मलाही पकड़ी रूट से जुड़ा प्लेटफॉर्म लगभग तैयार बताया जा रहा है और ट्रायल रन के दौरान इस ट्रैक पर मेट्रो का परिचालन भी किया जा चुका है. वहीं मीठापुर रूट की दिशा में निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है और उसका बड़ा हिस्सा पूरा कर लिया गया है.

दो मंजिला एलिवेटेड स्टेशन की सुविधा

स्टेशन को एलिवेटेड स्ट्रक्चर में दो स्तरों पर विकसित किया जा रहा है. नीचे सामान्य यातायात चलता रहेगा, जबकि ऊपरी हिस्से में मेट्रो ट्रैक और प्लेटफॉर्म तैयार किये जा रहे हैं.

यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए स्टेशन पर पांच लिफ्ट और छह एस्केलेटर लगाने की योजना है. इसके अलावा प्रवेश और निकास के लिए अलग-अलग गेट भी बनाये जा रहे हैं ताकि यात्रियों की आवाजाही सुगम रहे.

मेट्रो परिचालन के लिए विशेष ट्रैक व्यवस्था

कॉरिडोर-2 की ट्रेनें मलाही पकड़ी से चलकर फोर्ड हॉस्पिटल के पास बने स्टेशन तक जाएंगी. वहां से ट्रेनें भूतनाथ और न्यू पाटलिपुत्र बस टर्मिनल की ओर बढ़ने के बाद वापसी करेंगी.

वहीं कॉरिडोर-1 की मेट्रो सेवा मीठापुर दिशा से आने के बाद क्रॉसओवर ट्रैक के जरिये अपनी दिशा बदलेगी और दोबारा उसी मार्ग पर लौटेगी. अधिकारियों के अनुसार यह व्यवस्था परिचालन को अधिक व्यवस्थित और सुचारु बनाने के लिए तैयार की जा रही है.

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बोकारो एयरपोर्ट क्षेत्र में अतिक्रमण हटाने के दौरान बवाल, सुरक्षाकर्मियों पर पथराव में दो जवान घायल

बोकारो
बोकारो शहर

Bokaro Airport News: बोकारो के सेक्टर 12-A इलाके में एयरपोर्ट सुरक्षा क्षेत्र के पास शुक्रवार को चलाये गये अतिक्रमण हटाओ अभियान के दौरान अचानक तनाव फैल गया. प्रशासन और बीएसएल सुरक्षा टीम जैसे ही अवैध कब्जों को हटाने पहुंची, वहां मौजूद कुछ लोगों ने विरोध शुरू कर दिया. देखते ही देखते माहौल बिगड़ गया और सुरक्षाकर्मियों पर पत्थर फेंके जाने लगे. घटना में दो होमगार्ड जवान गंभीर रूप से घायल हो गये.

मौके पर मची अफरा-तफरी

पत्थरबाजी शुरू होने के बाद अभियान स्थल पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया. सुरक्षा में तैनात जवानों ने स्थिति संभालने की कोशिश की, लेकिन अचानक हुए हमले में कई लोग चोटिल हो गये. घायल जवानों की पहचान अकरम अंसारी और बबलू के रूप में हुई है. दोनों को तत्काल इलाज के लिए बोकारो जनरल अस्पताल पहुंचाया गया.

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हालात इतने तनावपूर्ण हो गये थे कि कुछ देर के लिए पूरी कार्रवाई रोकनी पड़ी. सुरक्षा अधिकारियों ने मौके पर मौजूद कर्मियों को सुरक्षित बाहर निकाला और घायलों को अस्पताल भेजने की व्यवस्था की.

एयरपोर्ट क्षेत्र की सुरक्षा को लेकर चल रहा था अभियान

प्रशासन की ओर से एयरपोर्ट क्षेत्र के आसपास सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के लिए सीमावर्ती इलाके को खाली कराने की कार्रवाई की जा रही थी. अधिकारियों का कहना है कि एयरपोर्ट की सुरक्षा मानकों को ध्यान में रखते हुए बाउंड्रीवॉल निर्माण की योजना बनायी गयी है. इसी के तहत आसपास के अतिक्रमण को हटाने का काम शुरू हुआ था.

बीएसएल प्रबंधन के अनुसार एयरपोर्ट के आसपास अनधिकृत निर्माण सुरक्षा के लिहाज से चिंता का विषय बना हुआ है. ऐसे में इलाके को सुरक्षित करना जरूरी माना जा रहा है.

घटना के बाद प्रशासन अलर्ट

घटना के बाद प्रशासन और बीएसएल के अधिकारियों ने स्थिति की समीक्षा की. सुरक्षा विभाग के अधिकारियों ने पूरे मामले को गंभीर बताते हुए कहा कि सरकारी काम में बाधा डालने और सुरक्षाकर्मियों पर हमला करने वालों को चिन्हित किया जा रहा है.

सूत्रों के अनुसार संबंधित थाने में प्राथमिकी दर्ज कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी गयी है. पुलिस इलाके में लगे सीसीटीवी फुटेज और वीडियो के आधार पर हमलावरों की पहचान करने में जुटी है.

अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात करने की तैयारी

स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात करने पर विचार शुरू कर दिया है. अधिकारियों का कहना है कि एयरपोर्ट क्षेत्र में सुरक्षा से समझौता नहीं किया जायेगा और अभियान आगे भी जारी रहेगा.

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धनबाद-बोकारो मार्ग खोलने की मांग पर सड़क पर उतरे विधायक राज सिन्हा, 24 घंटे का उपवास शुरू

धनबाद
सड़क पर उतरे विधायक राज सिन्हा.

Dhanbad News: धनबाद और बोकारो को जोड़ने वाली बंद पड़ी मुख्य सड़क को दोबारा चालू कराने की मांग अब आंदोलन का रूप लेने लगी है. भाजपा विधायक राज सिन्हा ने केंदुआडीह इलाके में बंद सड़क पर 24 घंटे का उपवास शुरू किया है. उनके समर्थन में बड़ी संख्या में स्थानीय लोग, व्यापारी और सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि धरना स्थल पर पहुंच रहे हैं.

सड़क बंद रहने से लोगों की परेशानी बढ़ी

करीब एक महीने से इस मार्ग पर आवाजाही ठप होने के कारण आसपास के इलाकों में रहने वाले लोगों को रोजाना कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है. यह सड़क धनबाद, बोकारो, रांची और जमशेदपुर समेत कई प्रमुख शहरों को जोड़ती है, इसलिए इसके बंद होने का असर सीधे आम जनजीवन पर पड़ रहा है.

स्थानीय लोगों का कहना है कि लंबा चक्कर लगाकर गंतव्य तक पहुंचना पड़ रहा है, जिससे समय और खर्च दोनों बढ़ गये हैं. वहीं छोटे व्यापारियों और दुकानदारों का कहना है कि ग्राहकों की संख्या कम होने से कारोबार प्रभावित हो रहा है.

आंदोलन में व्यापारिक संगठनों की भागीदारी

केंदुआ, लोयाबाद, पुटकी, तेतुलमारी और आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग आंदोलन में शामिल हुए. कई व्यापारिक संगठनों और चेंबर ऑफ कॉमर्स ने भी विधायक के आंदोलन का समर्थन किया है. प्रदर्शनकारियों का कहना है कि सड़क बंद रहने से क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियां धीमी पड़ रही हैं.

धरना स्थल पर मौजूद लोगों ने प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताते हुए कहा कि समस्या के समाधान में लगातार देरी हो रही है. लोगों का कहना है कि यदि जल्द निर्णय नहीं लिया गया तो स्थिति और गंभीर हो सकती है.

प्रशासनिक आश्वासन के बाद भी नहीं निकला समाधान

कुछ दिन पहले जिला प्रशासन ने सड़क मामले को लेकर उच्चस्तरीय बैठक करने और समाधान निकालने का भरोसा दिया था. इसके बाद आंदोलन को कुछ समय के लिए स्थगित किया गया था, लेकिन बाद में कोई ठोस पहल नहीं होने पर दोबारा आंदोलन शुरू कर दिया गया.

आंदोलनकारियों का आरोप है कि प्रशासन और संबंधित एजेंसियों की ओर से अब तक स्पष्ट योजना सामने नहीं रखी गयी है. इसी वजह से लोगों में नाराजगी बढ़ रही है.

विधायक ने सरकार पर साधा निशाना

राज सिन्हा ने कहा कि सड़क बंद रहने से हजारों परिवार प्रभावित हो रहे हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि जनता की समस्याओं को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा है. विधायक ने कहा कि हाल में भू-धंसान प्रभावित क्षेत्र में निरीक्षण और खुदाई के दौरान कोई बड़ा खतरा सामने नहीं आया, फिर भी सड़क को चालू नहीं किया जा रहा है.

उन्होंने कहा कि जब तक लोगों को राहत नहीं मिलती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा. जरूरत पड़ी तो आने वाले दिनों में आंदोलन को और बड़ा रूप दिया जाएगा.

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झारखंड में पीडीएस डीलरों पर बढ़ा आर्थिक संकट, 50 करोड़ से ज्यादा कमीशन भुगतान अटका

राशन दुकान
सांकेतिक तस्वीर.

Ranchi News: झारखंड में राशन वितरण व्यवस्था संभाल रहे हजारों पीडीएस डीलर लंबे समय से बकाया कमीशन नहीं मिलने के कारण गंभीर आर्थिक परेशानी का सामना कर रहे हैं. राज्यभर के करीब 25 हजार जन वितरण प्रणाली विक्रेताओं का 50 करोड़ रुपये से अधिक का भुगतान अटका हुआ है. डीलरों का कहना है कि लगातार लंबित भुगतान की वजह से उनके सामने रोजमर्रा का खर्च चलाना भी मुश्किल हो गया है.

कई महीनों से नहीं मिला कमीशन

फेयर प्राइस शॉप डीलर्स एसोसिएशन के अनुसार राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (NFSA) और राज्य खाद्य सुरक्षा योजना के तहत मिलने वाली मार्जिन मनी का भुगतान लंबे समय से लंबित है. डीलरों को प्रति किलो अनाज वितरण पर 1.50 रुपये की दर से कमीशन मिलना तय है, जिसमें आधा हिस्सा केंद्र सरकार और आधा हिस्सा राज्य सरकार वहन करती है.

एसोसिएशन का दावा है कि मार्च 2023 से लेकर अप्रैल 2026 तक के कई महीनों का भुगतान अब तक नहीं किया गया है. एनएफएसए के तहत करीब 12 महीने का भुगतान लंबित बताया जा रहा है, जबकि राज्य खाद्य सुरक्षा योजना के तहत भी कई महीनों का बकाया अभी तक जारी नहीं हुआ है.

आर्थिक तंगी से डीलर की मौत का मामला

पूर्वी सिंहभूम जिले के घाटशिला क्षेत्र में एक पीडीएस डीलर की आत्महत्या के बाद यह मुद्दा और गंभीर हो गया है. पुराना बनकाटी गांव के डीलर मृणाल कुमार ने कथित रूप से आर्थिक दबाव के कारण जान दे दी थी. बताया गया कि उन्होंने अपने पीछे छोड़े नोट में लंबे समय से कमीशन नहीं मिलने की बात लिखी थी. इस घटना के बाद डीलरों में नाराजगी और चिंता बढ़ गयी है.

सरकार से जल्द भुगतान की मांग

फेयर प्राइस शॉप डीलर्स एसोसिएशन के प्रदेश प्रधान महामंत्री ज्ञानदेव झा ने कहा कि राज्य के डीलर करीब 18 महीने के बकाया भुगतान के लिए लगातार विभाग के चक्कर लगा रहे हैं. उन्होंने कहा कि कई बार विभागीय अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा गया, लेकिन अब तक समस्या का समाधान नहीं हुआ है. एसोसिएशन जल्द ही विभागीय सचिव से मुलाकात कर बकाया भुगतान की मांग उठायेगा.

विभाग ने केंद्र से मांगी राशि

झारखंड राज्य खाद्य निगम (JSFC) के अधिकारियों का कहना है कि डीलरों के बकाया भुगतान के लिए केंद्र सरकार से राशि की मांग की गयी है. अधिकारियों के अनुसार आवंटन मिलते ही लंबित भुगतान की प्रक्रिया शुरू की जायेगी. फिलहाल चालू वित्तीय वर्ष के लिए सीमित राशि उपलब्ध होने की बात कही जा रही है.

बंगाल की सत्ता जाने के बाद ममता बनर्जी ने बदला सोशल मीडिया बायो, चुनाव प्रक्रिया पर उठाये सवाल

ममता बनर्जी
ममता बनर्जी ने बदला सोशल मीडिया बायो. फोटो-X

Mamata Banerjee New Twitter Bio: पश्चिम बंगाल की राजनीति में बड़ा बदलाव उस समय दर्ज हो गया जब शुभेंदु अधिकारी ने मुख्यमंत्री पद की शपथ लेकर नई सरकार की शुरुआत की. सत्ता परिवर्तन के इस दौर में निवर्तमान मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोशल मीडिया पर अपनी नई राजनीतिक पहचान सामने रखी है.

सोशल मीडिया प्रोफाइल में किया बदलाव

शनिवार को ममता बनर्जी ने अपने X और फेसबुक प्रोफाइल का बायो अपडेट किया. उन्होंने खुद को पूर्व मुख्यमंत्री लिखने की बजाय अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस की संस्थापक अध्यक्ष और पश्चिम बंगाल की 15वीं, 16वीं और 17वीं विधानसभा की मुख्यमंत्री के रूप में उल्लेख किया है. राजनीतिक हलकों में इसे उनके लंबे कार्यकाल और राजनीतिक विरासत को सामने रखने की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है.

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चुनावी नतीजों पर जतायी नाराजगी

तृणमूल कांग्रेस की हार के बाद भी ममता बनर्जी ने चुनाव प्रक्रिया को लेकर सवाल उठाये हैं. उन्होंने दावा किया कि कई विधानसभा सीटों पर मतदान और मतगणना के दौरान अनियमितताएं हुईं. पार्टी नेताओं ने भी चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता की कमी और केंद्रीय एजेंसियों के दुरुपयोग का आरोप लगाया है.

लगभग 100 सीटों पर उठाये सवाल

ममता बनर्जी का कहना है कि करीब 100 सीटों पर चुनाव परिणाम प्रभावित हुए हैं. उनका आरोप है कि कई जगहों पर निष्पक्ष तरीके से चुनाव नहीं कराये गये. हालांकि चुनाव आयोग की ओर से अब तक इन आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आयी है.

विधानसभा में भाजपा को स्पष्ट बहुमत

पश्चिम बंगाल विधानसभा की 294 सीटों में से 293 सीटों पर चुनाव हुए थे. इनमें भाजपा ने 207 सीटों पर जीत दर्ज कर स्पष्ट बहुमत हासिल किया, जबकि तृणमूल कांग्रेस 80 सीटों तक सीमित रह गयी. इस परिणाम के साथ बंगाल में लंबे समय बाद सत्ता परिवर्तन हुआ है.

15 साल के शासन के बाद विपक्ष की भूमिका में ममता

ममता बनर्जी ने वर्ष 2011 में वाममोर्चा के 34 साल पुराने शासन को समाप्त कर सत्ता हासिल की थी. इसके बाद लगातार तीन कार्यकाल तक उन्होंने राज्य की सत्ता संभाली. अब राजनीतिक परिस्थितियां बदलने के बाद माना जा रहा है कि वह विपक्ष की भूमिका में अधिक आक्रामक रणनीति अपना सकती हैं. सोशल मीडिया बायो में बदलाव को भी इसी दिशा में एक संकेत माना जा रहा है.

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बंगाल में प्रशासनिक टीम मजबूत करने में जुटे CM शुभेंदु अधिकारी, सुब्रत गुप्ता बने सलाहकार

शुभेंदु अधिकारी
शुभेंदु अधिकारी

Subrata Gupta IAS Advisor to WB CM Suvendu Adhikari: पश्चिम बंगाल में नई सरकार के गठन के बाद मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने प्रशासनिक ढांचे को मजबूत करने की दिशा में कदम तेज कर दिये हैं. इसी क्रम में राज्य सरकार ने 1990 बैच के सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी सुब्रत गुप्ता को मुख्यमंत्री का सलाहकार नियुक्त किया है. शनिवार को जारी अधिसूचना में इस फैसले की जानकारी दी गयी.

मुख्यमंत्री कार्यालय के पुनर्गठन पर जोर

सरकार की ओर से मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) को अधिक प्रभावी बनाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गयी है. प्रशासनिक अनुभव और विभिन्न विभागों के साथ समन्वय स्थापित करने की क्षमता को देखते हुए सुब्रत गुप्ता को यह जिम्मेदारी सौंपी गयी है. माना जा रहा है कि नीति निर्माण और विभागीय तालमेल में उनकी भूमिका अहम रहने वाली है.

चुनावी प्रक्रिया में भी निभा चुके हैं अहम भूमिका

सुब्रत गुप्ता को प्रशासनिक हलकों में अनुभवी और संतुलित अधिकारी के रूप में देखा जाता है. विधानसभा चुनाव के दौरान उन्हें चुनाव आयोग की ओर से विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) से जुड़े कार्यों की जिम्मेदारी भी दी गयी थी. अब नयी सरकार उन्हें प्रशासनिक योजनाओं को जमीन पर उतारने और विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के लिए अहम जिम्मेदारी दे रही है.

शांतनु बाला को मिली निजी सचिव की जिम्मेदारी

मुख्यमंत्री कार्यालय में बदलाव के क्रम में युवा आईएएस अधिकारी शांतनु बाला को भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी गयी है. 2017 बैच के अधिकारी शांतनु बाला को मुख्यमंत्री का निजी सचिव नियुक्त किया गया है. इससे पहले वह दक्षिण 24 परगना जिले में अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट (ADM) के पद पर कार्यरत थे.

तत्काल प्रभाव से संभालना होगा कार्यभार

सरकार की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि दोनों अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से अपनी नई जिम्मेदारियां संभालनी होंगी. सरकार का संकेत है कि प्रशासनिक फैसलों और विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी लाने के लिए अनुभवी और युवा अधिकारियों की संयुक्त टीम तैयार की जा रही है. मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने ‘सोनार बांग्ला’ के विजन को तेजी से लागू करने पर जोर दिया है.

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तमिलनाडु में TVK के लिए सत्ता का रास्ता साफ, विजय कल लेंगे मुख्यमंत्री पद की शपथ

Tamil Nadu
राज्यपाल से मुलाकात के दौरान TVK प्रमुख विजय.

Tamil Nadu Government Formation: तमिलनाडु में नई सरकार के गठन को लेकर तस्वीर लगभग साफ हो गई है. तमिलगा वेत्री कषगम (TVK) प्रमुख सी. जोसेफ विजय को राज्यपाल की ओर से सरकार बनाने के लिए आमंत्रित किया गया है. एएनआई के मुताबिक विजय रविवार को दोपहर 3.15 बजे मुख्यमंत्री पद की शपथ ले सकते हैं.

समर्थन से बदली राजनीतिक तस्वीर

राजनीतिक समीकरण उस समय तेजी से बदले जब विदुथलाई चिरुथाइगल काची (VCK) ने TVK को समर्थन देने की घोषणा कर दी. इसके कुछ समय बाद इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (IUML) ने भी विजय के नेतृत्व वाले गठबंधन के पक्ष में जाने का फैसला किया. दोनों दलों के समर्थन के बाद TVK बहुमत के आंकड़े से आगे निकल गई है.

तमिलनाडु विधानसभा में कुल 234 सीटें हैं और सरकार बनाने के लिए 118 विधायकों की जरूरत होती है. TVK गठबंधन को फिलहाल 120 विधायकों का समर्थन हासिल बताया जा रहा है. विजय की पार्टी के पास 107 विधायक हैं. इसके अलावा कांग्रेस के 5, VCK के 2, CPI के 2, CPI(M) के 2 और IUML के 2 विधायक गठबंधन के साथ हैं. विजय दो सीटों से चुनाव जीत चुके हैं, इसलिए उन्हें एक सीट छोड़नी होगी.

गठबंधन का गणित

TVK – 107
Congress – 5
VCK – 2
CPI – 2
CPI(M) – 2
IUML – 2

कुल समर्थन – 120

कार्यकर्ताओं के बीच उत्साह का माहौल

TVK नेता अधव अर्जुन ने कहा कि सहयोगी दलों के समर्थन के बाद अब सरकार गठन को लेकर किसी तरह की अनिश्चितता नहीं बची है. उन्होंने बताया कि VCK की ओर से राज्यपाल को समर्थन पत्र भी भेजा गया है. अर्जुन ने कांग्रेस, वाम दलों और VCK नेतृत्व का आभार जताते हुए कहा कि विजय के नेतृत्व में जल्द नई सरकार काम शुरू करेगी.

उधर चेन्नई में पार्टी कार्यकर्ताओं के बीच उत्साह का माहौल देखने को मिला. TVK मुख्यालय के बाहर समर्थकों ने पटाखे फोड़े और विजय के समर्थन में नारे लगाए. बड़ी संख्या में कार्यकर्ता पार्टी झंडे और पोस्टर लेकर जश्न मनाते नजर आए.

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भागलपुर में 4 बड़े फैसले: भूख हड़ताल को समर्थन, नाला विवाद शांत, सर्वे और विकास योजना तेज

भागलपुर
भागलपुर में 4 बड़े फैसले.

Bhagalpur News : भागलपुर में विकास कार्यों और जनआंदोलनों को लेकर दिनभर हलचल देखने को मिली. कचरा मुक्त शहर की मांग को लेकर आलोक यादव की भूख हड़ताल को सामाजिक न्याय आंदोलन (बिहार) और बहुजन स्टूडेंट्स यूनियन (बिहार) का समर्थन मिला. दोनों संगठनों के प्रतिनिधि धरना स्थल पहुंचकर आंदोलन के प्रति एकजुटता जताते हुए नगर निगम से जल्द सकारात्मक वार्ता कर समाधान निकालने की अपील की.

वहीं मशाकचक स्थित दुर्गा बाड़ी मोहल्ले में नाला निर्माण को लेकर उत्पन्न विवाद मेयर डॉ. बसुंधरा लाल के हस्तक्षेप के बाद फिलहाल शांत हो गया है. हालांकि स्थानीय लोगों ने अधूरी खुदाई से हो रही परेशानी, टूटे रास्ते और क्षतिग्रस्त घरों की देहरी को जल्द दुरुस्त करने की मांग की है.

इधर नगर निगम ने शहर की सभी सड़कों और सार्वजनिक पार्कों का व्यापक सर्वे कराने का निर्णय लिया है. नगर आयुक्त किसलय कुशवाहा ने मेयर, डिप्टी मेयर, पार्षदों और अभियंताओं से विकास कार्यों के प्रस्ताव मांगे हैं ताकि जरूरत वाले क्षेत्रों की पहचान कर योजनाबद्ध तरीके से काम कराया जा सके.

साथ ही निगम क्षेत्र के सभी 51 वार्डों में सड़क, नाला और प्याऊ निर्माण कार्य की योजना तैयार की गई है. प्रत्येक वार्ड में लगभग 25-25 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे और इसके लिए पार्षदों से प्रस्ताव उपलब्ध कराने को कहा गया है.

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भागलपुर सेंट्रल जेल में मरम्मत की तैयारी, वार्डों समेत कई हिस्सों का होगा जीर्णोद्धार

भागलपुर
भागलपुर में 4 बड़े फैसले.

Bhagalpur News : भागलपुर में सेंट्रल जेल परिसर में मरम्मत और जीर्णोद्धार से जुड़े कई कार्य कराये जाने की तैयारी शुरू हो गयी है. भवन निर्माण विभाग की ओर से इस योजना पर करीब 31 लाख 10 हजार रुपये खर्च किये जायेंगे. इसके लिए विभाग ने कार्य योजना तैयार कर ली है और जल्द एजेंसी चयन की प्रक्रिया पूरी की जायेगी.

योजना के तहत जेल परिसर स्थित वार्ड संख्या-03, 04 और तरुण बंदी वार्ड में मरम्मत, रंग-रोगन तथा अन्य आवश्यक कार्य कराये जायेंगे. इसके अलावा रोटी कमान, किचन और तरुण बंदी वार्ड के शौचालय का भी जीर्णोद्धार कराया जायेगा.

26 मई को खुलेगी निविदा

भवन निर्माण विभाग की ओर से बताया गया है कि सभी कार्य एजेंसी के माध्यम से कराये जायेंगे. इसके लिए निविदा प्रक्रिया शुरू की गयी है. 26 मई को टेंडर खोला जायेगा, जिसके बाद एजेंसी का चयन कर वर्क ऑर्डर जारी किया जायेगा. एजेंसी चयनित होते ही मरम्मत और जीर्णोद्धार का काम शुरू करा दिया जायेगा.

जेल परिसर की सुविधाओं में होगा सुधार

मरम्मत और रंग-रोगन कार्य पूरा होने के बाद जेल परिसर की व्यवस्था और सुविधाओं में सुधार आने की उम्मीद है. खासकर बंदियों के वार्ड और शौचालयों की स्थिति बेहतर करने पर जोर दिया जा रहा है.

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Purnia News : आग बुझाने के दौरान हादसा, 14 वर्षीय बच्चे की गई जान

दरौली के गड़वार गांव में भीषण आग
सांकेतिक तस्वीर.

Purnia News : पूर्णिया जिले के डगरूआ थाना इलाके के कोहिला पंचायत स्थित खिखरमानी गांव में शनिवार को आग लगने की घटना ने एक परिवार की खुशियां छीन लीं. घर में लगी आग को बुझाने की कोशिश के दौरान 14 वर्षीय बच्चे की झुलसने से मौत हो गई. घटना के बाद पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है.

बताया जा रहा है कि गांव निवासी मंजूर के घर में अचानक आग भड़क उठी. आग तेजी से फैलने लगी तो परिवार और आसपास के लोग उसे बुझाने में जुट गए. इसी बीच मंजूर का पुत्र सादिक भी आग बुझाने के प्रयास में घर की छत पर चढ़ गया. टीन और बांस से बने ढांचे में आग और धुएं का असर बढ़ने से वह गंभीर रूप से झुलस गया.

धुएं और आग की चपेट में आया किशोर

स्थानीय लोगों के अनुसार आग लगने के बाद घर के अंदर धुआं भर गया था. किशोर आग पर काबू पाने की कोशिश कर रहा था, लेकिन अचानक आग की लपटों की चपेट में आ गया. जब तक लोग उसे बाहर निकालते, तब तक उसकी हालत बेहद गंभीर हो चुकी थी.

घटना की सूचना मिलने के बाद प्रशासन और पुलिस टीम मौके पर पहुंची. अग्निशमन कर्मियों को भी बुलाया गया. ग्रामीणों और दमकल टीम की मदद से आग बुझाई गई.

पुलिस ने शुरू की आगे की प्रक्रिया

मामले की जानकारी मिलने पर अंचल पदाधिकारी योगेंद्र दास, पुलिस निरीक्षक राकेश कुमार सिंह और थानाध्यक्ष राजेश Kumar मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया. अधिकारियों ने ग्रामीणों से घटना की जानकारी ली.

प्रशासनिक अधिकारियों ने बताया कि प्रारंभिक जानकारी में आग बुझाने के दौरान हादसा होने की बात सामने आई है. पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है.

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